06

Chapter 160

रात के करीब 2 बज रहे थे, शांत रात में अचानक ही कुछ टूटकर गिरा। दुआ झट से उठकर बैठ जाती है, दिव्यान की आंखें भी खुल जाती है, कुछ बहुत जोर से गिरकर टूटा था दोनों की नींद मुकम्मल नहीं रह सकी।

दुआ देखती है लैंप जमीन पर गिरकर टूट गया था, वह लैंप के पास खड़े ज्ञान को देखती है वो कुछ परेशान लग रहा था। ज्ञान की नजर एकदम से उठती है,

Write a comment ...

Write a comment ...